Gold Rate Today: सोने के भाव में बड़ी गिरावट, चांदी भी ₹10 हजार से ज्यादा सस्ती; खरीदने से पहले चेक करें रेट
सोने की कीमत में साप्ताहिक गिरावट के साथ चांदी के भाव भी नीचे आए हैं। जानिए 24, 22 और 18 कैरेट सोने का भाव और कीमतों में बदलाव की वजह।
त्योहारी सीजन से पहले सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट ने खरीदारों का ध्यान खींचा है। इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, 24 कैरेट सोने का भाव ₹1,49,430 से घटकर ₹1,46,426 प्रति 10 ग्राम पर आ गया। इस तरह सप्ताह के दौरान कीमत में ₹3,004 की कमी दर्ज की गई। चांदी भी सस्ती हुई है। इसका भाव ₹2,21,109 प्रति किलोग्राम से घटकर ₹2,10,918 प्रति किलोग्राम रह गया, यानी एक सप्ताह में ₹10,191 की गिरावट आई। हालांकि, ये संदर्भ दरें हैं। स्थानीय सर्राफा बाजार में कीमतें अलग हो सकती हैं और आभूषण खरीदते समय जीएसटी तथा मेकिंग चार्ज भी जुड़ते हैं।
24, 22 और 18 कैरेट सोने का भाव
IBJA के उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, अलग-अलग शुद्धता वाले सोने की कीमतों में भी गिरावट देखने को मिली। 22 कैरेट सोने का भाव ₹1,36,878 से घटकर ₹1,34,126 प्रति 10 ग्राम हो गया। वहीं, 18 कैरेट सोने की कीमत ₹1,12,073 से गिरकर ₹1,09,820 प्रति 10 ग्राम दर्ज की गई। सोने की शुद्धता के हिसाब से कीमतों में अंतर होता है। 24 कैरेट सोना सबसे अधिक शुद्ध होता है, जबकि आभूषण बनाने के लिए आमतौर पर 22 और 18 कैरेट सोने का इस्तेमाल किया जाता है।
खरीदारी की योजना बना रहे ग्राहकों को ध्यान रखना चाहिए कि बाजार में बताए जाने वाले सोने के भाव और ज्वैलरी शोरूम के अंतिम बिल में अंतर हो सकता है। आभूषण के डिजाइन, वजन, शुद्धता, मेकिंग चार्ज और लागू करों के कारण भुगतान की जाने वाली राशि बढ़ सकती है। इसलिए खरीदने से पहले अपने शहर के ज्वैलर से उस दिन का भाव जरूर पता करें।
चांदी की कीमत में ₹10 हजार से ज्यादा की गिरावट
सोने के साथ चांदी की कीमतों में भी उल्लेखनीय कमी आई है। उपलब्ध साप्ताहिक आंकड़ों के मुताबिक, चांदी ₹2,21,109 प्रति किलोग्राम से घटकर ₹2,10,918 प्रति किलोग्राम पर आ गई। यानी एक सप्ताह में ₹10,191 की गिरावट दर्ज की गई। चांदी का इस्तेमाल आभूषणों के अलावा औद्योगिक क्षेत्रों में भी होता है, इसलिए इसकी कीमत पर निवेशकों की खरीद-बिक्री के साथ औद्योगिक मांग का भी असर पड़ता है। हालांकि, किसी एक सप्ताह की गिरावट से यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि आने वाले दिनों में कीमतें लगातार नीचे ही रहेंगी।
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर वायदा कारोबार के भाव और IBJA की हाजिर दरों में अंतर हो सकता है। दोनों बाजारों के भाव की तुलना करते समय तारीख, कॉन्ट्रैक्ट की एक्सपायरी और कारोबार के समय को ध्यान में रखना जरूरी है। यही वजह है कि अलग-अलग रिपोर्टों में सोने-चांदी की कीमतें कुछ अलग दिखाई दे सकती हैं।
सोने और चांदी के दाम क्यों गिर रहे हैं?
अंतरराष्ट्रीय बाजार में अमेरिकी डॉलर की मजबूती और ब्याज दरों को लेकर बदलती उम्मीदों ने सोने की कीमतों पर दबाव बनाया है। 14 अक्टूबर 2026 को अमेरिकी महंगाई के अपेक्षा से अधिक आंकड़े सामने आने के बाद बाजार में फेडरल रिजर्व की ब्याज दरों को लेकर सख्त रुख की आशंका बढ़ी। इसके बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी दोनों में गिरावट दर्ज की गई। ऊंची ब्याज दरों की संभावना सोने जैसे ऐसे निवेश पर दबाव डाल सकती है, जिससे नियमित ब्याज नहीं मिलता। डॉलर मजबूत होने पर अन्य मुद्राओं में सोना खरीदना भी महंगा पड़ सकता है।
हालांकि, कीमती धातुओं की कीमतों में बदलाव केवल डॉलर या ब्याज दरों पर निर्भर नहीं करता। वैश्विक तनाव, केंद्रीय बैंकों की खरीदारी, निवेशकों की मांग, रुपये की विनिमय दर और घरेलू बाजार की परिस्थितियां भी कीमतों को प्रभावित करती हैं। इसलिए मौजूदा गिरावट को बाजार की दिशा में एक बदलाव के रूप में देखना उचित है, न कि भविष्य की कीमतों का निश्चित संकेत मानना।
क्या अभी सोना-चांदी खरीदना सही रहेगा?
त्योहारों और शादी के सीजन में आभूषण खरीदने वाले ग्राहकों के लिए कीमतों में गिरावट राहत दे सकती है। फिर भी खरीदारी का फैसला केवल एक सप्ताह के भाव देखकर नहीं करना चाहिए। यदि खरीदारी निकट भविष्य में जरूरी है, तो बजट, जरूरत और आभूषण की शुद्धता को प्राथमिकता दें। निवेश के उद्देश्य से खरीदने वाले लोगों को अपनी जोखिम क्षमता और निवेश की अवधि पर विचार करना चाहिए। सोने या चांदी की कीमतें आगे बढ़ भी सकती हैं और इनमें फिर गिरावट भी आ सकती है।
कुल मिलाकर, सप्ताह के दौरान सोने और चांदी के भाव में आई गिरावट ने खरीदारों को कुछ राहत दी है। लेकिन बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। अंतिम कीमत जानने के लिए खरीदारी के दिन IBJA की ताजा दर और स्थानीय ज्वैलर का भाव जांचना सबसे बेहतर रहेगा।

नर्मदा की माटी का लाल में नरेंद्र श्रीवास्तव हूं मुझे तथ्य पूर्ण खबरें लिखने की आदत है पत्रकारिता में लंबा अनुभव के बाद अब नई शुरुआत कर रहा हूं देश दुनिया की जानकारी आप लोगों तक पहुंचाने का हर संभव कोशिश करूंगा .






